images/New TRans Logo.png

उत्तरांचल के स्वास्थ्य विभाग में कंसलटेंसी के नाम पर मौज।

सूबे के स्वास्थ्य विभाग में टीबी कंट्रोल प्रोग्राम के तहत टीबी के प्रति जागरुकता फैलाने के नाम पर कुछ अधिकारी-कर्मचारी मौज काट रहे हैं। आरटीआइ में खुलासा हुआ है कि विभाग द्वारा टीबी कंट्रोल प्रोग्राम के लिए वर्ष 2012 में एक नामी एनजीओ इंटरनेशनल यूनियन अगेंस्ट ट्यूबरक्यूलॉसिस एंड लंग डिजीज के माध्यम से सूबे में एसीएसएम कंसलटेंट की नियुक्ति की गई। कंसलटेंट का काम एडवोकेसी, कम्यूनिकेशन, सोशल व मोबलाइजेशन कंसलटेंसी का था। हैरत की बात है कि प्रोग्राम में कार्यरत कंसलटेंट ने यह सब नहीं किया।


कंसलटेंट द्वारा राज्य व जिला स्तर पर टीबी कार्यक्रमों की नीति निर्धारण या योजना बनाने में सहयोग, योजना की मॉनीटरिंग, जागरुकता फैलाने, नए एनजीओ की नियुक्ति जैसे तमाम कार्य भी नहीं ढंग से नहीं किए । विभागीय अधिकारियों के मुताबिक अब नियमित रूप से कंसलटेंट के कार्यो की मॉनीटरिंग की जा रही है।